जयपुर। राजस्थान के श्री गंगानगर की मनिका विश्वकर्मा ने जयपुर में आयोजित भव्य समारोह में मिस यूनिवर्स इंडिया 2025 का ताज हासिल किया। उन्हें यह ताज पूर्व विजेता रिया सिंघा (मिस यूनिवर्स इंडिया 2024) ने पहनाया। अब मनिका नवंबर में थाईलैंड में आयोजित 74वें मिस यूनिवर्स पेजेंट में भारत का प्रतिनिधित्व करेंगी
पेजेंट का आयोजन और विजेता चयन
यह आयोजन जयपुर में दूसरी बार आयोजित किया गया था, जिसमें देश भर से 48 प्रतियोगिनियों ने हिस्सा लिया
- प्रथम रनर‑अप: तन्या शर्मा (उत्तर प्रदेश)
- द्वितीय रनर‑अप: मेहक ढींगरा (हरियाणा)
- तृतीय रनर‑अप: अमीशी कौशिक
निर्णायक मंडल में शामिल थे: अभिनेत्री और मिस यूनिवर्स इंडिया 2015 उर्वशी रौतेला, निर्देशक फरहाद सामजी, डिजाइनर ऐशले रेबेलो, और अन्य विशेषज्ञ
मनिका विश्वकर्मा कौन हैं?
मूल रूप से श्री गंगानगर, राजस्थान की रहने वाली, वर्तमान में दिल्ली में रहती हैं। वे पॉलिटिकल साइंस और इकोनॉमिक्स में अंतिम वर्ष की छात्रा हैं मिस यूनिवर्स राजस्थान 2024 का खिताब भी उनके नाम रहा, जिसमें वह Top 20 सेमीफाइनलिस्ट रहीं और “बेस्ट इन स्पीच” में भी टॉप 5 रही
बहुमुखी प्रतिभा और सामाजिक पहल
नृत्य और कला में प्रशिक्षित – शास्त्रीय नृत्य में प्रशिक्षण, विज़ुअल आर्ट्स में मान्यता (ललित कला अकादमी और जेजे स्कूल ऑफ आर्ट्स द्वारा सम्मानित) नैशनल कैडेट कोर (NCC) की पूर्व छात्रा – यह नेतृत्व और अनुशासन का प्रतीक है स्वयं की पहल Neuronova की संस्थापक – एक ऐसा प्लेटफ़ॉर्म जो न्यूरोडायवर्जेंट अवस्थाओं जैसे ADHD को ‘कमज़ोरी’ नहीं, बल्कि ‘संज्ञानात्मक शक्ति’ के रूप में प्रस्तुत करता है भारत का प्रतिनिधित्व BIMSTEC Sewocon जैसे अंतरराष्ट्रीय पहल में भी कर चुकी हैं
फाइनल राउंड का प्रश्न और उनका प्रेरणादायक जवाब
प्रश्न था: क्या आप महिलाओं की शिक्षा को बढ़ावा देंगी या आर्थिक सहायता? क्यों?
उनका उत्तर था: “दोनों अहम हैं, लेकिन शिक्षा एक महिला की नहीं बल्कि पूरे समाज की दिशा बदल सकती है। बोनस के तौर पर परिवर्तन स्थायी होता है।” यह स्पष्ट सोच, सामाजिक दृष्टिकोण और भावनात्मक परिपक्वता ने उन्हें विजेता बनाने में निर्णायक भूमिका निभाई
उनका संदेश और भावनाएँ
मनिका ने ANI से कहा कि उनकी यात्रा श्री गंगानगर से शुरू हुई, दिल्ली में तैयारी की और यह मुकाम सभी के सहयोग से संभव हुआ। उन्हें पूरी टीम का आभार है उन्होंने कहा कि पेजेंटरी केवल प्रतियोगिता नहीं, बल्कि चरित्र निर्माण का माध्यम है, और यह जीवनभर प्रेरित रखती है
इंस्टाग्राम पर उन्होंने लिखा:
“जब मैंने मिस यूनिवर्स राजस्थान का ताज छोड़ा, उसी दिन मैं मिस यूनिवर्स इंडिया के फाइनल की ओर बड़ रही थी… विकास कभी ठहरते हुए नहीं आता।”