लखनऊ: विश्व मांगल्य सभा एवं अदीरा स्पिरिचुअल क्लब द्वारा शनिवार को गोमतीनगर स्थित सिक्स सेंस योगा स्टूडियो में आयोजित सदाचार सभा के तहत एक विशेष नवाचार कार्यक्रम का आयोजन किया गया। यह कार्यक्रम प्रतिभागियों के मानसिक और आध्यात्मिक विकास को ध्यान में रखकर आयोजित किया गया था।

कार्यक्रम का मुख्य आकर्षण रहा मेडिटेशन सेशन, जिसमें भाग लेने वाले व्यक्तियों को मानसिक शांति, आत्म-जागरूकता और आंतरिक संतुलन प्रदान करने पर विशेष जोर दिया गया। इस सत्र का संचालन सोहानी पांडेय जी ने किया, जिन्होंने ध्यान के लाभों को सरल और प्रेरक शैली में प्रस्तुत किया। उन्होंने तनाव मुक्त जीवन, भावनात्मक संतुलन और सकारात्मक मानसिक ऊर्जा के महत्व को प्रतिभागियों के सामने प्रभावशाली ढंग से रखा।

इस नवाचार सत्र में विनीता सिंह, सुनीता सिंह और नीलम मनोचा ने आयोजन को सफल बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। कार्यक्रम में उपस्थित मंजुलिका अस्थाना, रेशमा निगम, श्वेता कार्तिक और रिमता सिंह ने आयोजन की गरिमा और शोभा को और बढ़ाया।

कार्यक्रम के दौरान यह संदेश स्पष्ट रूप से दिया गया कि नवाचार तभी फलता-फूलता है जब मन शांत, विचार स्पष्ट और ऊर्जा सकारात्मक दिशा में प्रवाहित हो। मेडिटेशन और आत्म-जागरूकता के माध्यम से प्रतिभागियों ने अपनी आंतरिक शक्ति और संतुलन को महसूस किया।

सत्र में शामिल लोगों ने कहा कि इस तरह के कार्यक्रम न केवल मानसिक शांति और संतुलन प्रदान करते हैं, बल्कि व्यक्तिगत विकास और सकारात्मक सोच को भी प्रोत्साहित करते हैं। इस पहल ने यह दिखाया कि आध्यात्मिक और मानसिक जागरूकता के माध्यम से नवाचार और रचनात्मकता को बढ़ावा दिया जा सकता है।

विश्व मांगल्य सभा और अदीरा स्पिरिचुअल क्लब की यह पहल न केवल योग और ध्यान के महत्व को उजागर करती है, बल्कि समाज में सकारात्मक ऊर्जा और संतुलित जीवन की आवश्यकता को भी रेखांकित करती है।
